निजी स्कूलों, छात्रों के निशाने पर जावडेकर!

नया इंडिया
News Dated: 
31-Mar-2018

नई दिल्ली। सबसे बड़ी विपक्षी पार्टी कांग्रेस की ओर से केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्री प्रकाश जावडेकर का इस्तीफा मांगे जाने के बाद अब जावडेकर निजी स्कूलों के निशाने पर आए हैं। निजी स्कूलों के एक संगठन ने जावडेकर से इस्तीफे की मांग की है। इस बीच लगातार दूसरे दिन छात्रों ने पेपर लीक और दोबारा परीक्षा कराए जाने के विरोध में प्रदर्शन किया। छात्रों के एक समूह ने सीबीएसई के मुख्यालय के बाहर प्रदर्शन किया। 25-30 छात्रों के एक समूह ने प्रीत विहार में सीबीएसई के कार्यालय के बाहर सड़क जाम करने का प्रयास किया।

इस बीच नेशनल इंडिपेंडेंट स्कूल एलायंस, एनआईएसए ने परीक्षा ठीक से नहीं करा पाने के कारण मानव संसाधन विकास मंत्री का इस्तीफा मांगा। संगठन के अध्यक्ष कुलभूषण शर्मा ने कहा कि सीबीएसई पेपर लीक बच्चों के लिए तनाव का कारण बना है। एनआईएसए देश में 60 हजार निजी स्कूलों का नेतृत्व करने का दावा करता है।

उन्होंने कहा कि सरकार परीक्षाओं को उचित तरीके से करा पाने की जिम्मेदारी क्यों नहीं ले रही। शर्मा ने एक बयान में कहा- हमने बार बार सीबीएसई से अनुरोध किया कि बोर्ड को अपनी भूमिका मुख्य उद्देश्य तक सीमित करनी चाहिए जो कि परीक्षाएं कराना है। राजनीतिक दबाव के चलते, सीबीएसई अपने मुख्य उद्देश्य से भटक गई है और उसने नियंत्रक के तौर पर काम करना शुरू कर दिया है।

शर्मा ने कहा- सीबीएसई क्योंकि एचआरडी मंत्रालय के अधीन काम करती है, इसलिए हम इसे मंत्रालय की असफलता के तौर पर देखते हैं और एचआरडी मंत्री के तत्काल इस्तीफे की मांग करते हैं। एनआईएसए ने सीबीएसई को पूरी तरह से स्वतंत्र व स्वायत्त संगठन बनाने का सुझाव दिया और मंत्रालय और बोर्ड की भूमिकाओं के विभाजन की मांग भी की।