यहां देखिए 449 स्‍कूलों की लिस्‍ट, जिन्‍हें केजरीवाल सरकार करेगी टेकओवर

News 18 (Hindi)
News Dated: 
21-Aug-2017

दिल्‍ली के उपराज्‍यपाल अनिल बैजल से मिली मंजूरी के बाद दिल्‍ली सरकार 449 प्राइवेट स्‍कूलों के टेकओवर की तैयारी कर रही है. इनमें वे स्‍कूल शामिल हैं जिनकी शाखाएं देशभर में फैली हैं. वहीं सुविधाओं के मामले में ये टॉप निजी स्‍कूलों में गिने जाते हैं.

दिल्‍ली अभिभावक महासंघ की ओर से हाईकोर्ट में याचिका डाली गई. इस संबंध में प्रतिवादी के रूप में दिल्‍ली सरकार ने हाईकोर्ट को 449 प्राइवेट स्‍कूलों की लिस्‍ट दी है. जिन्‍हें डिफॉल्‍टर की श्रेणी में रखने के साथ ही दिल्‍ली सरकार ने इनके मैनेजमेंट को टेकओवर करने का प्रस्‍ताव तैयार किया है.

यहां देखिए उन 449 स्‍कूलों की सूची, जिन्‍हें दिल्‍ली सरकार टेकओवर करने की तैयारी कर रही है.

  • पहली लिस्‍ट में डीएवी, सेंट पॉल, साल्‍वान, नेशनल विक्‍टर, मदर्स कॉन्‍वेंट, विद्या बाल भवन आदि पब्लिक स्‍कूल शामिल हैं. जिन्‍हें सरकार टेकओवर करने वाली है.
  • इसमें न्‍यू एरा, डायमंड, लिटिल फ्लॉवर, न्‍यू एरा, मदरहुड, दिल्‍ली इंटरनेशनल, टैगोर, शिशु भारती, सेंट जेम्‍स आदि स्कूल शामिल किए गए हैं. जो दिल्ली के अलग-अलग इलाकों में हैं.
  • ऑक्‍सफोर्ड मॉडर्न, फ्लोरा डेल, ग्रीनवे मॉडर्न, नालंदा, सेंट लॉरेंस, तक्षशिला, शिवालिक, आर्वाचीन भारती आदि पब्लिक स्‍कूलों पर भी गाज गिरेगी.
  • अभिभावकों से फीस एंठने पर आईपी स्‍कूल, संत ज्ञानेश्‍वर, मॉडर्न पब्लिक, महाराजा अग्रसेन, केडी मॉडल, स्‍काई हॉक इंटरनेशनल, डीपीएस रोहिणी आदि स्‍कूलों के मैनेजमेंट को दिल्‍ली सरकार ने टेकओवर करने की श्रेणी में शामिल किया है.
  • दून पब्लिक स्‍कूल, श्री दौलतराम, आईपी व्‍लर्ड, सेंट सोफिया, संत निरंकारी, स्प्रिंग मेडोज, कटारिया इंटरनेशनल, डीपीएस वसंत कुंज और द्वारका, न्‍यू दिल्‍ली कॉन्‍वेंट आदि भी डिफॉल्‍टर की लिस्‍ट में हैं.
  • एमिटी इंटरनेशनल, सेंट जॉन्‍स, बिरला विद्या निकेतन, ग्रीन वैली, के आर मंगलम, डेजी डेल्‍स, समरफील्‍ड, डीपीएस मथुरा रोड, संस्‍कृति आदि स्‍कूलों को दिल्‍ली सरकार टेकओवर करेगी.

क्‍या कहते हैं निजी स्‍कूल संगठन
इस संबंध में नेशनल इंडिपेंडेंट स्‍कूल एलाइंस (निसा) की ओर से दिल्‍ली के सभी निजी स्‍कूल प्रबंधनों की तत्‍काल बैठक बुलाई गई है. निसा की ओर से कहा गया कि दिल्‍ली सरकार गलत कर रही है. जरूरत पड़ी तो वे इसके खिलाफ सुप्रीम कोर्ट भी जाएंगे.